एवरस्टोन समूह ने मध्यप्रदेश में विनिर्माण, नवीकरणीय ऊर्जा और खाद्य प्रसंस्करण में निवेश की दिखाई रूचि
भोपाल : वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम–2026 दावोस के दूसरे दिन विभिन्न उद्योगपतियों से चर्चाओं का दौर जारी रहा। इस कड़ी में मंगलवार को मध्यप्रदेश स्टेट लाउंज में मध्यप्रदेश के अधिकारियों ने एवरस्टोन समूह के प्रेसिडेंट एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री जयंत सिन्हा के साथ बैठक कर राज्य में निवेश एवं औद्योगिक सहयोग की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। अधिकारियों ने मध्यप्रदेश ने ऑटोमोबाइल एवं इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) इकोसिस्टम में अपनी सशक्त उपस्थिति को रेखांकित किया। इंदौर, उज्जैन और भोपाल के आसपास विकसित हो रहे ईवी और ऑटोमोबाइल क्लस्टर्स के साथ वस्त्र एवं परिधान उद्योग में राज्य की स्थापित क्षमताओं तथा नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में मजबूत आधार की जानकारी साझा की गई।
चर्चा के दौरान नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला, अपर मुख्य सचिव मनु श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव मनीष सिंह और प्रमुख सचिव राघवेन्द्र कुमार सिंह ने उद्योगपतियों के साथ सोलर पैनल, बैटरी, इंगट्स और वेफर्स सहित उपकरण एवं कंपोनेंट विनिर्माण में उपलब्ध निवेश अवसरों पर भी विचार किया गया। राज्य शासन ने निवेशकों के अनुकूल भूमि अधिग्रहण ढांचे की जानकारी देते हुए भोपाल और होशंगाबाद के समीप क्षेत्रों को विनिर्माण आधारित निवेश के लिए उपयुक्त बताया और राज्य में बढ़ती आंतरिक मांग को भी रेखांकित किया।
प्रेसिडेंट एवरस्टोन समूह जयंत सिन्हा ने समूह के पोर्टफोलियो और निवेश प्राथमिकताओं से अवगत कराते हुए स्केलेबल प्लेटफॉर्म, दीर्घकालिक इंफ्रास्ट्रक्चर और विनिर्माण क्षेत्रों में रुचि साझा की। बैठक में दोनों पक्षों ने खाद्य प्रसंस्करण, नवीकरणीय ऊर्जा एवं संबंधित क्षेत्रों में संभावित सहयोग और निवेश के लिए आगे भी विस्तृत चर्चा जारी रखने पर सहमति व्यक्त की। यह संवाद मध्यप्रदेश की विनिर्माण आधारित विकास रणनीति और सतत आर्थिक प्रगति की दिशा में वैश्विक निवेशकों के साथ मजबूत साझेदारी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

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