हिमाचल में बर्फ देखने उमड़े पर्याटक, सड़कों पर ट्रैफिक जाम, रोज 15 हजार वाहन पहुंच रहे
शिमला। शिमला और मनाली पर्यटकों से पूरी तरह पैक है। बर्फबारी थमने के बाद जैसे-जैसे सड़कें बहाल हो रही है, पर्यटक अब शिमला के नालदेहरा, कुफरी, महासू पीक, मनाली के सोलंगनाला और चंबा के डलहौजी तक पहुंचना लगे हैं। हिमाचल प्रदेश में बर्फ के फोटो-वीडियो वायरल होते ही देशभर से पर्यटकों का पहाड़ों पर जमावड़ा उमड़ने लगा हैं। इन जगह पर टूरिस्ट बर्फ में खेलने, डांस, स्नोमैन बनाने, हॉर्स व यॉक राइडिंग, स्केटिंग, स्नो स्कूटर, पैराग्लाइडिंग और रील्स रिकॉर्ड कर अपनी यात्रा को यादगार बना रहे हैं। दिनभर टूरिस्ट बर्फ में मस्ती कर रहे हैं। इस बीकेंड तक सड़क बहाली के बाद नारकंडा और अटल टनल तक टूरिस्ट पहुंच सकेंगे।
बता दें कि शिमला और मनाली के होटलों में 70 से 80 फीसदी तक ऑक्यूपेंसी हो चुकी है। वीकेंड पर इसके शत-प्रतिशत होने की संभावना है। इसलिए, वीकेंड पर शिमला-मनाली आने वाले टूरिस्ट को एडवांस बुकिंग की सलाह दी जाती है। शिमला के होटेलियर अश्ननी सूद ने बताया कि शिमला में चार साल बाद बर्फबारी हुई है। इससे अगले 15-20 दिन अच्छा टूरिस्ट आने की उम्मीद है।
वहीं पुलिस के अनुसार- अकेले शिमला में रोजाना 12 हजार से 15 हजार टूरिस्ट व्हीकल पहुंच रहे हैं। इससे शिमला शहर के साथ साथ छराबड़ा, कुफरी और फागू के बीच भी ट्रैफिक जाम लग रहा है। एक घंटे के सफर में चार से पांच घंटे लग रहे हैं। इससे टूरिस्ट के साथ साथ लोकल भी परेशान है। मनाली में भी बीते एक सप्ताह से पतलीकूलह, 15 व 16 मील से मनाली तक ट्रैफिक जाम टूरिस्ट लग रहा है। मनाली में ट्रैफिक जाम की सबसे बड़ी वजह आसपास के पर्यटन स्थलों को जोड़ने वाली सड़कें बंद होना भी है क्योंकि भारी हिमपात के कारण जीभी वैली, सोलंग नाला, अटल टनल, कोकसर, केलांग इत्यादि पर्यटन स्थलों को जोड़ने वाली सड़कें बंद थी। मगर अब सड़कों से बर्फ हटाने का काम जारी है। इससे एक-दो दिन में टूरिस्ट इन सभी पर्यटन स्थलों पर पहुंचना शुरू होगा। तब जाकर मनाली में ट्रैफिक जाम से भी निजात मिलेगी।

राशिफल 22 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
किसान अब उन्नत तकनीक की ओर अग्रसर, पैडी ट्रांसप्लांटर विधि से धान रोपाई
मध्यप्रदेश पुलिस का नशे के विरुद्ध सख्त प्रहार
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम सामाजिक न्याय की सबसे बड़ी गारंटी : खाद्य मंत्री राजपूत
अपनी मेहनत और समर्पण से बड़वानी बन रहा देश में कृषि, उद्यमिता एवं नवाचार का उदाहरण : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
निर्वाचन तैयारियां एवं स्वीप गतिविधियां तेज
मुख्यमंत्री डॉ. यादव से मिले पारस डिफेंस एंड स्पेस टेक्नोलॉजीस कम्पनी के पदाधिकारी
सिक्किम टनल हादसा: मृतक मजदूरों के परिजनों को मुआवजे का ऐलान