चुनावी मैदान में टेक्नोलॉजी का नया प्रयोग: एआई अवतार के जरिए प्रचार कर रहे विजय
नई दिल्ली। तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव को लेकर प्रचार जोरों शोरों से जारी है। इस बीच चुनाव प्रचार में एक उम्मीदवार ने एआई टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया, जिसकी चर्चा पूरे देश में हो रही है। दरअसल कुंभकोणम में तमिलगा वेट्री कझगम (टीवीके) के एक उम्मीदवार ने होलोग्राफिक एआई टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करके, चुनावी रैलियों में पार्टी अध्यक्ष विजय की असली जैसी बड़ी और जीवंत छवि दिखाई, जिससे कई कार्यक्रमों में उनकी गैर-मौजूदगी की भरपाई हो जा रही है। राज्य में विधानसभा चुनावों के लिए 23 अप्रैल को मतदान होना है, और विजय कई चुनावी कार्यक्रमों में शामिल नहीं हो पा रहे हैं, ऐसे में उम्मीदवार मतदाताओं का जुड़ाव बनाए रखने के लिए दूसरे तरीके ढूंढ रहे हैं।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक इस बीच टीवीके के तंजावुर पूर्वी जिले के सचिव और कुंभकोणम से चुनाव लड़ रहे 32 साल के विनोद रवि ने इस एआई टेक्नोलॉजी हैक का इस्तेमाल किया। जानकारी के मुताबिक यह सिस्टम उन्होंने कामा टेक्नोलॉजीज से लिया है, जिसका रोजाना का किराया 50,000 रुपए है। रवि ने कहा कि चुनाव आयोग ने मुझे चार दिनों तक इस टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करने की इजाजत दी है। इससे मुझे बहुत ज्यादा जोश और आत्मविश्वास महसूस होता है, मानो हमारे थलापति मेरे ठीक बगल में खड़े होकर सीधे लोगों से बात कर रहे हों।
बता दें चुनावी वाहन पर लगा यह सिस्टम दृष्टि की निरंतरता के सिद्धांत पर आधारित होलोग्राफिक प्रोजेक्शन टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करता है। इसमें एक प्रोजेक्शन फैन डिस्प्ले, तेज रफ्तार वाली मोटरें और एक सिंक्रोनाइज्ड ऑडियो सिस्टम लगा है, जिसे वाहन का जेनरेटर बिजली देता है।
यह सेटअप विजय की सिर से लेकर पैर तक की एक बहुत ही असली जैसी 3डी छवि बनाता है। इसे देखकर लगता है कि वे वाहन की छत से बाहर खड़े होकर लोगों की भीड़ को सीधे संबोधित कर रहे हैं। यह सिस्टम विजय के पुराने भाषणों की ऑडियो के साथ सिंक्रोनाइज्ड होता है, जिससे लगता है कि वे चुनावी वाहन से सीधे भाषण दे रहे हैं।

राशिफल 29 अप्रैल 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
जिला प्रशासन की अनूठी पहल, नहरों के पानी से लबालब हुए 450 तालाब
ईंट निर्माण कार्य से आत्मनिर्भर बन रही हैं समूह की महिलाएं
महासंघ की कार्यप्रणाली को बनाये गतिशील एवं परिणामोन्मुख : राज्यमंत्री पंवार
प्रदेश में जंगली भैंसा प्रजाति का पुनर्स्थापन एक ऐतिहासिक अवसर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सही दवा-शुद्ध आहार' अभियान में जगदलपुर के चाट-गुपचुप सेंटरों और कॉस्मेटिक्स दुकानों का हुआ निरीक्षण
वन मंत्री केदार कश्यप ने भरा ऑनलाइन स्व-गणना पत्रक, नागरिकों से सहभागिता की अपील
एमपी टूरिज्म को मिला “लीडिंग टूरिज्म डेस्टीनेशन” का प्रतिष्ठित सम्मान
मध्यप्रदेश अपनी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत को दे रहा है नई ऊर्जा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सुकमा में तेंदूपत्ता संग्रहण तेज़ी से जारी, 35 हजार से अधिक बोरे का हुआ संग्रहण