बयानबाजी पर सियासी-धार्मिक तकरार, धीरेंद्र शास्त्री ने दिया करारा जवाब
प्रयागराज : वाराणसी के ज्ञानवापी प्रकरण पर बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का एक बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने प्रयागराज में चल रही 'राष्ट्र हनुमंत कथा' के दौरान मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना शहाबुद्दीन रजवी की टिप्पणी पर पलटवार करते हुए भविष्य में बड़े बदलाव के संकेत दिए हैं।
"अयोध्या की तरह बदलेगा इतिहास"
पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी के उस बयान पर प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि ज्ञानवापी पर कभी भगवा झंडा नहीं फहराया जा सकता। शास्त्री ने कहा:उन्होंने तर्क दिया कि इतिहास गवाह है कि समय कभी एक जैसा नहीं रहता। जो लोग पहले कहते थे कि अयोध्या में कुछ नहीं बदलेगा, वे आज वहां भव्य राम मंदिर देख रहे हैं।उन्होंने विश्वास जताया कि महादेव की नगरी काशी में भी एक दिन ऐसा समय आएगा जब मर्यादाओं और परंपराओं के साथ भव्य रुद्राभिषेक संपन्न होगा।
नौकरी विवाद पर भी बोले धीरेंद्र शास्त्री
कथा के दौरान उन्होंने केवल धार्मिक ही नहीं, बल्कि सामाजिक मुद्दों पर भी अपनी राय रखी। हाल ही में एक कंपनी द्वारा नौकरी देने में भेदभाव से जुड़े विवाद पर उन्होंने कहा देश के संविधान में हर नागरिक को बराबर का दर्जा प्राप्त है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि किसी भी संस्थान या कंपनी में रोजगार देते समय व्यक्ति के धर्म को आधार बनाकर भेदभाव करना पूरी तरह गलत है।
प्रयागराज में 'राष्ट्र हनुमंत कथा'
पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री इन दिनों प्रयागराज के अरैल क्षेत्र में सात दिवसीय धार्मिक प्रवास पर हैं। यहाँ 'राष्ट्र हनुमंत कथा' का भव्य आयोजन किया जा रहा है।यह कथा 23 अप्रैल 2026 तक चलेगी, जिसमें प्रतिदिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु उमड़ रहे हैं।

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