SIR की याचिका पर इंदौर हाईकोर्ट में हुई सुनवाई, कोर्ट ने 6 सप्ताह में मांगा जवाब
इंदौर: एसआईआर कार्य को लेकर इंदौर हाई कोर्ट में एक याचिका लगी थी. जिस पर कोर्ट में बुधवार को सुनवाई हुई और सुनवाई होने के बाद कोर्ट ने संबंधित पक्षों को नोटिस जारी कर 6 सप्ताह में विस्तृत जवाब देने के निर्देश दिए हैं. यह मामला काफी सुर्खियों में बना हुआ है और कोर्ट भी इस मामले में विभिन्न तरह के नियमों के आधार पर जवाब देने के निर्देश दे चुका है.
6 सप्ताह के भीतर कोर्ट ने मांगा जवाब
इंदौर हाईकोर्ट ने मतदाता सूची पुनरीक्षण कार्य निरस्त करने की मांग को लेकर दायर याचिका पर बुधनार को सुनवाई की. सुनवाई के बाद इस पूरे ही मामले में कलेक्टर समेत नगरीय क्षेत्र के सभी एसडीएम को विस्तृत जवाब देने को लेकर नोटिस जारी किया गया है. वहीं, कोर्ट के समक्ष सरकार के द्वारा एक जवाब भी प्रस्तुत किया गया था, लेकिन कोर्ट ने शासन के द्वारा रखे गए जवाब को अस्वीकार करते हुए, सभी पक्षों को 6 सप्ताह में विस्तृत जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं.
एडवोकेट ने कोर्ट के सामने रखे कई प्रश्न
इस मामले को लेकर 17 नवंबर 2025 को कोर्ट के सामने विभिन्न बिंदुओं पर संज्ञान लिया था. जिसमें प्रथम मतदाता सूची में हजारों मतदाताओं के पते भवन क्रमांक जीरो दर्ज हैं. अपात्र बी एल ओ से कार्य करवाना. 1200 मतदान केंद्रों की सीमा के विरुद्ध 1961 मतदान केंद्रों का निर्माण किया गया. इन प्रश्नों को भी कोर्ट के समक्ष अधिवक्ता की ओर से दिए गए थे
2026 के दूसरे सप्ताह में होगी अगली सुनवाई
कोर्ट ने अधिवक्ता के तमाम तरह के तर्कों से सहमत होते हुए, राज्य शासन सहित निर्वाचन आयोग, कलेक्टर एवं एसडीएम से विस्तृत और तथात्मक जवाब मांगा है. अगली सुनवाई 2026 के दूसरे सप्ताह में होगी.

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